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अमेरिका प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रम्प की एक ट्वीट से नाराज मैक्सिको के प्रेसिडेंट एनरिके पेना नीटो ने 31 जनवरी को होने वाला अपना अमेरिका दौरा कैंसिल कर दिया है। दरअसल, ट्रम्प ने एक ट्वीट करके कहा था कि अगर मैक्सिको दोनों देशों के बॉर्डर पर बेहद जरूरी दीवार बनाने के लिए पैसे देना नहीं चाहता तो वह मीटिंग रद्द कर दे। बता दें कि ट्रम्प ने इलेक्शन से पहले वादा किया था कि वे मैक्सिको से होने वाली घुसपैठ रोकने के लिए दोनों देशों के बाॅर्डर पर दीवार बनाएंगे। यह दीवार 3218 किलोमीटर लंबी होगी।
पेना ने ट्वीट किया, मैंने पहले भी कहा है और दोबारा कह रहा हूं कि मैक्सिको किसी भी दीवार के लिए कोई पेमेंट नहीं करेगा। आज सुबह हमने व्हाइट हाउस को इन्फॉर्म किया है कि अगले मंगलवार को अमेरिका के प्रेसिडेंट के साथ होने वाली मीटिंग में मैं हिस्सा नहीं लूंगा।
बता दें कि ट्रम्प ने एक इंटरव्यू में कहा था कि मैक्सिको को दीवार बनाने का 100% खर्च लौटाना होगा। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार तुरंत इस योजना पर अमल शुरू कर देगी। उन्होंने इसके लिए एक ऑर्डर पर दस्तखत भी कर दिए थे।
पेना ने इससे पहले भी बॉर्डर पर दीवार बनाने के अमेरिका के फैसले को गलत बताया था। ट्रम्प के फैसले पर नाराजगी जाहिर करते हुए पेना ने कहा, यह दीवार जोड़ने की बजाय बांटने का काम करेगी। पेना ने ट्विटर पर डाले एक वीडियो मैसेज में कहा था, मैक्सिको दीवारों में भरोसा नहीं करता। मैंने बार-बार कहा है कि मैक्सिको किसी भी दीवार के लिए पैसे नहीं देगा।
ट्रम्प ने कहा कि अगर मैक्सिको अमेरिका के साथ इज्जत से पेश नहीं अाना चाहता तो पेना के साथ उनकी मुलाकात फ्रूटलेस (बेमतलब) होती | उन्होंने कहा, मैंने और मैक्सिको के प्रेसिडेंट ने आपसी रजामंदी से अगले हफ्ते होने वाली मुलाकात रद्द कर दी है।
अमेरिका का कहना है कि मैक्सिको से हर साल बड़ी तादाद में लोग गैर-कानूनी तरीके से अमेरिका आते हैं। ये लोग स्मग्लिंग और क्राइम करते हैं। अमेरिका के लोगों का जॉब छीनते हैं। ट्रम्प ने इलेक्शन कैम्पेन के वक्त वादा किया, मैक्सिको से होने वाली घुसपैठ रोकने के लिए हम एक दीवार बनाएंगे। इसका खर्च भी मैक्सिको से वसूला जाएगा। वह पैसा नहीं देगा तो कोई दूसरा तरीका अपनाया जाएगा।
बता दें कि यह दीवार बनी तो करीब 3218 किलोमीटर लंबी होगी। अमेरिका दीवार की कॉस्ट की भरपाई के लिए टैक्स और मैक्सिको के साथ ट्रेड पॉलिसी में बदलाव कर सकता है। ट्रम्प एडमिनिस्ट्रेशन ने मैक्सिको से इंपोर्ट होकर आने वाले प्रोडक्ट्स पर 20% टैक्स लगाना तय किया है। माना जा रहा है कि इस टैक्स रिफाॅर्म से मैक्सिको के प्रोडक्ट काफी महंगे हो जाएंगे। हालांकि, यह जरूरी नहीं है कि यह पैसा मैक्सिको की सरकार या वहां के लोगों की जेब से आए | इस पर ट्रम्प और उनकी टीम को अभी काम करना है।
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