Visitors online: 002

मान गए नीतीश कुमार!, अब डिप्टी सीएम बने रहेंगे तेजस्वी यादव

Home » Headlines

होटल भूमि घोटाला मामले में हो रही सीबीआई जांच में बिहार के उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव के नाम आने के बाद महागठबंधन सरकार में शामिल जदयू ने उनके इस्तीफे की मांग की थी| जिसके बाद ऐसा लग रहा था यह गठबंधन टूट जाएगा| लेकिन अब खबर आ रही है कि मंगलवार शाम तेजस्वी की सीएम नीतीश कुमार के साथ बैठक हुई जिसमें सुलह का रास्ता निकल गया|
 
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, नीतीश कुमार ने कहा, तेजस्वी को अब इस्तीफा देने की जरूरत नहीं है| यानी तेजस्वी यादव डिप्टी सीएम बने रहेंगे| पटना स्थित पुराने सचिवालय में मंगलवार शाम करीब एक घंटे तक चली राज्य कैबिनेट की बैठक के बाद तेजस्वी मुख्यमंत्री के कक्ष में गए| प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री और तेजस्वी के भाई तेजप्रताप यादव और कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष एवं शिक्षा मंत्री अशोक चौधरी भी मुख्यमंत्री के कक्ष में उपस्थित थे| सूत्रों के अनुसार सीएम के कक्ष में 50 मिनट की बैठक में सुलह का फॉर्मुला निकाला गया| अब यह दिखाने की कोशिश की जा रही है कि जदयू, राजद और कांग्रेस का महागठबंधन अटूट है|
 
डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव के सोमवार (17 जुलाई) को एक तरह से अपने इस्तीफा देने की मांग को यह कहते हुए खारिज कर दिया था कि यह केवल मीडिया में है| पिछले बुधवार (12 जुलाई) को कैबिनेट की बैठक के बाद पुराने सचिवालय गेट पर डिप्टी सीएम की प्रतिक्रिया लेने पहुंचे मीडियाकर्मियों के साथ उनके के सुरक्षा गार्डों के कथित दुर्व्यवहार की घटना के बाद मंगलवार (18 जुलाई) कैबिनेट की बैठक के समय मीडियाकर्मियों का पुराने सचिवालय में प्रवेश पर बैन लगा दिया था और कैबिनेट की ब्रीफिंग सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के सभागार में हुई| 
 
गौर हो कि लालू प्रसाद के रेल मंत्री रहने के दौरान 2004 में रांची और पुरी स्थित आईआरसीटीसी के दो होटलों का लाइसेंस जारी किए जाने के बदले लालू के परिवार को तीन एकड़ भूखंड दिए जाने के मामले में तेजस्वी यादव, लालू प्रसाद, राबडी देवी और पांच अन्य का नाम आने के मद्देनजर सीबीआई ने पिछले शुक्रवार (14 जुलाई) को लालू के आवास सहित 12 ठिकानों पर छापे मारे थे| इसके बाद करीब पांच दिनों तक चुप रही मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की पार्टी जदयू ने तेजस्वी से उनपर लगे आरोपों के बारे में पूर्ण तथ्यों के साथ जनता की अदालत के बीच जाने को कहा था और इस्तीफे की भी मांग की थी| लेकिन राजद प्रमुख ने अपनी ओर से महागठबंधन को तोड़ने से इनकार करते हुए अपने विधायक दल के उस निर्णय (तेजस्वी के इस्तीफे का कहीं कोई प्रश्न ही नहीं उठता) का हवाला देते हुए इस कार्रवाई को राजनीति से प्रेरित बताया था और उन्होंने कहा था कि सारी बातें पहले से सार्वजनिक है, जिसे देखना हैं देखें|


न्यूज़पेपर में दिया गया जॉब कोड दिए गए    Textbox में दर्ज करे और जॉब सर्च करे



Quick Links